तूफान से अतिवृष्टि में हुई फसल क्षति पर मिलेगा मुआवजा, किसान तुरन्त दें सूचना
By Team Lohardaga live

कुष्ठ रोग खोज अभियान 10 से 26 नवम्बर तक सर्वे टीम को सहयोग देने की अपील
लोहरदगा। जिले में उपायुक्त डॉ. ताराचंद की अध्यक्षता में ‘पंचाइत कर गोइठ’ कार्यक्रम का 13वां संस्करण आयोजित हुआ। बैठक में पंचायत प्रतिनिधियों को राज्य में संचालित विभिन्न अभियान, कार्यक्रम व योजनाओं की जानकारी दी गई तथा उनकी समस्याएं भी सुनी गईं।
उपायुक्त ने बताया कि राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम अंतर्गत 10 से 26 नवम्बर तक जिले में कुष्ठ रोग खोज अभियान चलाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग की टीम घर-घर जाकर पहचान का कार्य करेगी। मुखिया व वार्ड सदस्यों से इस अभियान को सफल बनाने का आग्रह किया गया। किस्को प्रखंड में फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम शुरू होने की जानकारी भी दी गई तथा बताया गया कि रात में रक्त के नमूने लिये जाएंगे।
उपायुक्त ने श्रमिकों से अपील की कि जो कोई श्रमिक का कार्य करता है वह ‘श्रमाधान पोर्टल’ पर अपना निबंधन कराए। निबंधन के बाद उन्हें सेफ्टी किट, श्रमिक औजार सहायता, मेधावी पुत्र-पुत्री योजना, विवाह सहायता, अंत्येष्टि सहायता, चिकित्सा सहायता, मातृत्व सुविधा सहित कई योजनाओं का लाभ मिलेगा। मुखिया को निर्देश दिया गया कि इसके लिए पंचायत स्तर पर अभियान चलाएं।
फसल क्षति पर उन्होंने कहा कि जो किसान बिरसा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से आच्छादित हैं उन्हें तूफान व अतिवृष्टि से हुई क्षति पर बीमा के तहत लाभ मिलेगा। जिन्होंने योजना नहीं ली है, उन्हें आपदा मद से मुआवजा दिया जाएगा। किसान तत्काल अपनी क्षति की सूचना प्रखण्ड कृषि पदाधिकारी, एटीएम/बीटीएम, जिला कृषि पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी अथवा अंचल अधिकारी को दें। बीमित किसान टॉल फ्री नम्बर 14447 पर भी सूचना दे सकते हैं।
उन्होंने कहा कि 15 नवम्बर 2025 को राज्य गठन के 25 वर्ष व भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती है। इस अवसर पर 18 नवम्बर से 12 दिसम्बर 2025 तक ‘आपकी योजना - आपकी सरकार - आपके द्वार’ कार्यक्रम चलाया जाएगा। इस बार जाति, आवासीय, आय, जन्म प्रमाण-पत्रों की सुविधा को पंचायत स्तर पर शिविरों के माध्यम से प्राथमिकता दी जाएगी।
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि पंचायतों में बाल विवाह व डायन प्रथा के खिलाफ नियमित बैठक, चर्चा व रिपोर्टिंग सुनिश्चित की जाए तथा संबंधित प्रपत्रों का संधारण किया जाए। गांवों से पलायन रोकने हेतु स्थानीय आय सृजन पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि तालाबों की बंदोबस्ती लेकर मत्स्य पालन, मनरेगा के माध्यम से तालाब योजना व बोल्डर चेक डैम निर्माण कराया जा सकता है।
आयुष्मान कार्ड से वंचित लोगों को कार्ड बनवाने की अपील की गई। हर माह मुखिया-एएनएम-सेविका-सहायिका के साथ बैठक कर महिला व शिशु स्वास्थ्य की मॉनिटरिंग करने, गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व जांच, आयरन फोलिक एसिड सेवन व टीकाकरण सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया गया।
बैठक में अपर समाहर्ता जितेन्द्र मुंडा, आईटीडीए परियोजना निदेशक सुषमा नीलम सोरेंग, सिविल सर्जन डॉ. राजू कच्छप, अनुमंडल पदाधिकारी अमित कुमार सहित जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बीडीओ, सीओ व मुखिया भी जुड़े।
