एस आई आर और मतदाता सूची में बदलाव पर कांग्रेस ने उठाए सवाल, 28 सितंबर को निकालेगी विरोध मार्च
By Team orangehindi

लोहरदगा में प्रेस वार्ता कर प्रदेश प्रवक्ता उज्ज्वल प्रकाश तिवारी ने पारदर्शिता, आई टी प्रणाली और मतदाता सूची की स्वतंत्र समीक्षा की मांग रखी
लोहरदगा। निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली, विशेष गहन पुनरीक्षण तथा मतदाता सूची में किए जा रहे बदलावों को लेकर कांग्रेस ने सवाल उठाए हैं। रविवार को जिला कांग्रेस कमिटी के तत्वावधान में राजेंद्र भवन स्थित कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रवक्ता उज्ज्वल प्रकाश तिवारी ने पार्टी की मांगों को सामने रखा।
तिवारी ने कहा कि कांग्रेस निर्वाचन आयोग की निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता और संस्थागत जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग कर रही है। उन्होंने कहा कि एस आई आर के तहत मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने और संशोधन जैसी प्रक्रियाएं नागरिकों के मताधिकार से सीधे जुड़ी हैं। इसलिए इन प्रक्रियाओं में निर्धारित कानूनी प्रावधानों के साथ पर्याप्त सार्वजनिक जांच और आपत्ति-सुनवाई का अवसर होना चाहिए।
कांग्रेस प्रवक्ता ने आयोग की आइ टी प्रणाली, डेटा प्रबंधन और केंद्रीकरण से संबंधित प्रक्रिया की स्वतंत्र समीक्षा की भी मांग की। साथ ही वर्तमान एवं पूर्ववर्ती प्रक्रियाओं के दौरान मतदाता सूची में हुए जोड़, विलोपन और संशोधनों की व्यापक एवं स्वतंत्र समीक्षा कर उसके निष्कर्ष सार्वजनिक करने की मांग रखी।
उन्होंने कहा कि ए आइ सी सी के 24 सितंबर के निर्देश के अनुसार 28 सितंबर को जिला मुख्यालय से कलेक्ट्रेट तक विरोध मार्च आयोजित किया जाएगा। कांग्रेस ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार से संबंधित लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र जांच तथा उनके कार्यकाल में लिए गए निर्णयों की समीक्षा की मांग भी दोहराई।
हालांकि, निर्वाचन आयोग की ओर से हाल में कहा गया है कि आयोग के भीतर अलग-अलग राय, टिप्पणियां और तकनीकी सुझाव संस्थागत विचार-विमर्श का हिस्सा हैं तथा एस आइ आर से जुड़े अंतिम निर्णय सर्वसम्मति से लिए जाते हैँ
प्रेस वार्ता में जिला महासचिव सलीम अंसारी बड़े, सोशल मीडिया प्रभारी प्रकाश उरांव, अल्पसंख्यक जिला अध्यक्ष मोज्जमील अंसारी, ओ बी सी स्टेट कोऑर्डिनेटर संतोष महतो, रविन्द्र सिंह खेरवार, जुगल भगत, किशोर साहू, हामीद अंसारी, रामदेव उरांव, असलम अंसारी, पूर्व एन एस यू आइ अध्यक्ष मनौवर आलम, सहाबुल खान, चन्दर उरांव सहित कांग्रेस के कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद थे।