भक्ति, उल्लास और जयकारों के बीच गणपति बप्पा को दी विदाई
By Team orangehindi


किस्को मोड़ के देवस्थल मंदिर में पांच दिवसीय गणेशोत्सव का हुआ समापन, शोभायात्रा में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब
लोहरदगा | किस्को मोड़ स्थित देवस्थल मंदिर प्रांगण में आयोजित पांच दिवसीय गणेशोत्सव का समापन मे भगवान श्री गणेश की प्रतिमा के विसर्जन के साथ भक्तिभाव और उत्साहपूर्ण माहौल में हुआ। गणपति बप्पा की विदाई के लिए निकली विसर्जन शोभायात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। पूरे रास्ते "गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ" के जयकारे गूंजते रहे।
देवस्थल मंदिर परिसर से भगवान श्री गणेश की भव्य प्रतिमा के साथ विसर्जन शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा पतरा टोली और ब्लॉक मोड़ होते हुए पुनः देवस्थल मंदिर परिसर पहुंची। इसके बाद मंदिर प्रांगण स्थित तालाब में विधि-विधान और श्रद्धाभाव के साथ गणपति प्रतिमा का विसर्जन किया गया। विसर्जन से पूर्व श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश की पूजा-अर्चना कर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
शोभायात्रा के दौरान ढोल-ताशों और भक्ति गीतों ने माहौल को पूरी तरह भक्तिमय बना दिया। महिला, पुरुष और बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। भक्ति गीतों की धुन पर श्रद्धालु नृत्य करते नजर आए। कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर गणेशोत्सव की खुशियां साझा कीं। बच्चों में भी विशेष उत्साह देखा गया।
विसर्जन के समय श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं। पांच दिनों तक पूजा-अर्चना, आरती और भंडारे के माध्यम से गणपति की भक्ति में जुटे लोगों ने भावुक होकर बप्पा को विदाई दी। श्रद्धालुओं ने अगले वर्ष फिर से गणपति बप्पा के आगमन की प्रार्थना करते हुए जयकारे लगाए।
आयोजन को सफल बनाने में पूजा समिति, आयोजकों और स्थानीय श्रद्धालुओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पूरे आयोजन के दौरान लोगों में धार्मिक आस्था के साथ आपसी सहभागिता और उत्साह का माहौल बना रहा।