कर्मा पर्व पर गांवों में गूंजेगा मांदर, रोहित उरांव ने किया पारंपरिक वाद्ययंत्रों का वितरण
By Team orangehindi


किस्को व भंडरा के विभिन्न गांवों में ग्रामीणों को सौंपे मांदर, लोक संस्कृति और पारंपरिक संगीत को बढ़ावा देने का संदेश
लोहरदगा। आदिवासी समाज के प्रमुख लोकपर्व कर्मा के अवसर पर समाजसेवी सह कांग्रेस नेता रोहित उरांव ने शुक्रवार को किस्को और भंडरा प्रखंड के विभिन्न गांवों में ग्रामीणों के बीच पारंपरिक वाद्ययंत्र मांदर का वितरण किया। उन्होंने मांदर को उपहार के रूप में ग्रामीणों को सौंपते हुए लोक संस्कृति और पारंपरिक कला को संरक्षित करने का संदेश दिया।
इस अवसर पर रोहित उरांव ने कहा कि कर्मा पर्व भाई-बहन के प्रेम, प्रकृति के प्रति आस्था और सामाजिक एकजुटता का प्रतीक है। ऐसे पर्व हमारी सांस्कृतिक विरासत को जीवंत रखने का अवसर देते हैं। उन्होंने कहा कि आधुनिक संगीत और इलेक्ट्रॉनिक वाद्ययंत्रों के बढ़ते चलन के बीच पारंपरिक वाद्ययंत्रों की भूमिका सीमित होती जा रही है। मांदर वितरण का उद्देश्य लोक वाद्य परंपरा को प्रोत्साहित करने के साथ नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ना है।
कार्यक्रम में मांदर प्राप्त करने वाले बुजुर्ग मनोज उरांव ने कहा कि पुराने वाद्ययंत्र खराब हो जाने के कारण आर्थिक अभाव में नया मांदर खरीदना संभव नहीं था। इस सहयोग से अखाड़े में फिर से पारंपरिक गीत-संगीत और नृत्य की गतिविधियां शुरू करने में मदद मिलेगी तथा बच्चों को भी पारंपरिक कला सिखाने का अवसर मिलेगा।
मांदर वितरण के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिला समिति की सदस्य और युवा मौजूद रहे। ग्रामीणों ने पारंपरिक करमा गीतों पर नृत्य किया और एक-दूसरे को पर्व की शुभकामनाएं दीं। ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे पारंपरिक लोक संस्कृति को गांवों में आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।
मौके पर विधायक प्रतिनिधि निशीथ जायसवाल, विशाल डुंगडुंग, असलम अंसारी, शशिकांत उरांव, सुरेंद्र लकड़ा, बंधन उरांव, बिरजू भगत, लालदेव उरांव, मनोज उरांव, सुखमनी लकड़ा, अनमोल भगत, जगदीश उरांव, राजेश उरांव, उमेश उरांव, बिरसू उरांव, चन्द्र उरांव, विजय उरांव, रंजन उरांव, हरिदास उरांव, बुधराम उरांव, दयानंद उरांव, फागू उरांव और सोमनाथ उरांव सहित अन्य उपस्थित थे।