सोनम वांगचुक के समर्थन में उतरे सांसद सुखदेव भगत
By Team Lohardaga live

शांतिपूर्ण आंदोलन पर कार्रवाई को बताया लोकतंत्र पर हमला, सरकार से दमन की नीति छोड़ने की अपील
लोहरदगा। दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले 21 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे पर्यावरणविद् एवं समाजसेवी सोनम वांगचुक के समर्थन में लोहरदगा के सांसद सुखदेव भगत खुलकर सामने आए। उन्होंने वांगचुक की मांगों का समर्थन करते हुए केंद्र सरकार की कार्रवाई पर सवाल उठाए।
सांसद सुखदेव भगत ने कहा कि जंतर-मंतर लोकतंत्र की आवाज़ का प्रतीक है। 21 दिनों से शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से आंदोलन कर रहे एक नागरिक पर कार्रवाई करना अत्यंत शर्मनाक, कायरतापूर्ण और गैर-कानूनी है। उन्होंने कहा कि यह लोकतांत्रिक व्यवस्था की भावना के विपरीत है।
उन्होंने कहा कि यह तानाशाही है और इसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जा सकता। यह लोकतंत्र तथा नागरिकों के मौलिक अधिकारों पर सीधा हमला है।
सांसद ने आरोप लगाया कि सरकार इसलिए घबरा गई है क्योंकि सोनम वांगचुक ने 20 जुलाई को संसद तक मार्च निकालने की घोषणा की थी और इसी दौरान संसद का मानसून सत्र भी शुरू होने वाला है।
सुखदेव भगत ने कहा कि देश के आदिवासी क्षेत्रों, पर्यावरण और संविधान की रक्षा के लिए उठने वाली हर आवाज़ का सम्मान होना चाहिए। उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि वह सोनम वांगचुक की मांगों पर सकारात्मक पहल करते हुए उनसे वार्ता करे तथा दमन की नीति छोड़कर लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा सुनिश्चित करे.
