न्यूयॉर्क के नए मेयर ज़ोहरान ममदानी का गुमला से खास रिश्ता
By Teem Lohardaga live


न्यूयॉर्क शहर के नवनिर्वाचित मेयर ज़ोहरान ममदानी का झारखंड के गुमला ज़िले से गहरा पारिवारिक संबंध है। उनका यह जुड़ाव उनकी मां, प्रसिद्ध फिल्मकार मीरा नायर के ज़रिए है। मीरा नायर के पिता और ज़ोहरान ममदानी के नाना, अमृत लाल नायर, गुमला को अपना दूसरा घर मानते थे।
अमृत लाल नायर 1949 बैच के आईएएस अधिकारी थे। सेवानिवृत्ति के बाद उन्होंने गुमला में बसने का फैसला किया और वहां प्रगति कुटीर नाम से एक घर बनवाया। वे अक्सर गुमला के लोगों के बीच रहते थे और सामाजिक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाते थे।
उन्होंने अंधकार विनाश चैरिटेबल समिति नामक एक संस्था की शुरुआत की, जिसके माध्यम से उन्होंने गुमला और आसपास के इलाकों में वृक्षारोपण, शिक्षा और सामाजिक विकास के कई कार्य किए। जिन इलाकों में आंगनबाड़ी केंद्र नहीं थे, वहां उन्होंने खुद केंद्र खुलवाए और आदिवासी बच्चों के लिए अपने घर में ही पढ़ाई की व्यवस्था की।
स्थानीय लोगों के अनुसार, नायर बेहद उदार और मददगार व्यक्ति थे। वे गरीब विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए पैसे और प्रोत्साहन दोनों देते थे। उन्होंने हर महीने अच्छे प्रदर्शन करने वाले छात्रों को इनाम देने की परंपरा शुरू की थी। इसके अलावा, उन्होंने एक लाख रुपये की राशि बैंक में जमा कराई ताकि उस धन से बच्चों के खेलकूद और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा सके।
गुमला के सेंट स्टीफन स्कूल की पूर्व प्राचार्या सुमिता चटर्जी के अनुसार, अमृत लाल नायर ने अंग्रेज़ी माध्यम शिक्षा की शुरुआत में भी अहम योगदान दिया। उन्होंने गुमला में अंग्रेज़ी सीखने को बढ़ावा देने के लिए कई प्रयास किए।
आज जब ज़ोहरान ममदानी न्यूयॉर्क जैसे विशाल शहर के सबसे युवा मेयर बने हैं, तो गुमला के लोग गर्व महसूस कर रहे हैं कि उनकी मिट्टी से किसी का इतना गहरा रिश्ता है, जो अब विश्व के सबसे बड़े शहर में नेतृत्व की ज़िम्मेदारी संभाल रहा है।
