Orange hindi lohardaga live

अंधविश्वास पर लोहरदगा में हुई ट्रिपल हत्याकांड में संलिप्त तीनो आरोपी गिरफ्तार

By Team lohardaga live

achievement
प्रेस वार्ता करते पुलिस कप्तान सादिक अनवर रिजवी

लोहरदगा पुलिस ने वारदात के 48 घंटे के भीतर घटना का उद्वेदन कर संलिप्त हत्यारो को भेजा न्यायिक हिरासत

लोहरदगा। झाड़-फूंक व ओझा-गुनी जैसे अंधविश्वास को लेकर पिछले दिनों लोहरदगा जिले के पिछला थाना क्षेत्र में हुई ट्रिपल मर्डर कांड का उद्वेदन करते हुए लोहरदगा हत्याकांड में संदीप तीन लोगों को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है। तीन लोगों की निर्मम हत्या के मामले का पुलिस ने 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। यह पूरी वारदात अंधविश्वास के कारण की गई थी। इस संबंध में लोहरदगा के पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया हैं।एसपी सादिक अनवर रिजवी ने बताया कि पेशरार थाना क्षेत्र के ग्राम केकरांग बरटोली में 8 और 9 अक्टूबर की मध्यरात्रि में एक ही परिवार के तीन लोगों की हत्या कर दी गई थी। मृतकों में लक्ष्मण नगेशिया, उनकी पत्नी बिफनी नगेशिया और उनका पुत्र रामविलास नगेशिया शामिल थे। उन्होंने बताया कि इस घटना की जानकारी 9 अक्टूबर की सुबह पेशरार थाना को मिली। और सूचना मिलते ही थाना प्रभारी ने पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी को मामले की जानकारी दी। इसके बाद एसपी के निर्देश पर एसडीपीओ किस्को वेदांत शंकर के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया और रांची से फोरेंसिक टीम को बुलाकर घटनास्थल की बारीकी से जांच कराई गई। इसके अलावा 10 अक्टूबर को डॉग स्क्वॉड की टीम को भी घटनास्थल पर जांच के लिए बुलाया गया।

पुलिस कप्तान ने बताया कि पुलिस अनुसंधान के क्रम में कुछ संदिग्ध लोगों की संलिप्तता की जानकारी मिली। इस निमित त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने महज 48 घंटे में इस हत्याकांड में शामिल तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए अभियुक्तों में सुखनाथ नगेशिया पिता चौरु उर्फ चमरु नगेशिया, बिंदेश्वर नगेशिया, पिता बलदेव नगेशिया और संचरवा नगेशिया पिता भादे नगेशिया शामिल हैं। तीनों आरोपी ग्राम केकरांग बरटोली, थाना पेशरार के ही निवासी हैं।

*8/9 अक्टूबर की रात योजना बनाकर दिया घटना को अंजाम*

पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि मृतका बिफनी नगेशिया झाड़-फूंक और ओझागुनी का काम करती थी। उन्हें अंधविश्वास हो गया था कि बिफनी नगेशिया की वजह से सुखनाथ की पत्नी का गर्भपात हुआ और बिंदेश्वर की मां बीमार रहने लगी। इसी अंधविश्वास और प्रतिशोध की भावना में तीनों आरोपियों ने बिफनी नगेशिया और उसके पूरे परिवार की हत्या करने की योजना बनाई और 8/9 अक्टूबर की रात इस विभत्स घटना को अंजाम दिया।

*हत्या में प्रयुक्त हथियार व कपड़े बरामद*

पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार और कपड़े बरामद किए हैं। इनमें खून से सना एक कुदाल, एक पत्थर, घटनास्थल पर पहने गए खून लगे कपड़े और एक हीरो एचएफ डिलक्स मोटरसाइकिल शामिल हैं।

*गिरफ्तारी में इनकी रही भागेदारी*

एसपी ने बताया कि छापामारी टीम में श्री वेदांत शंकर अनुमंडल पदाधिकारी, किस्को लोहरदगा के अलावा

पुलिस अवर निरीक्षक बीरेंद्र कुमार, प्रभारी, पेशरार थाना, पुलिस अवर निरीक्षक दिनेश कुमार थाना प्रभारी बगड़ू थाना, पुलिस अवर निरीक्षक जेनी सुधा तिग्गा थाना प्रभारी महिला थाना,

पुलिस अवर निरीक्षक संजय कुमार लोहरदगा महिला थाना, सहायक अवर निरीक्षक श्रीकांत दास पेशरार थाना, गृह रक्षक नीरज कुमार मिश्र तकनीकी शाखा, आरक्षी विपिन हजाम, चालक आरक्षी निर्मल मार्शल मिंज, चालक आरक्षी अजय कुमार महतो, आरक्षी पीटर मिंज,चालक आरक्षी नेमन बारला, हवलदार शेलेन्द्र सिंह, आरक्षी आत्मा प्रकाश उरांव एवं सैट-75 बगड़ू थाना, सैट-79 पाखर पिकेट किस्को, आईआर-बी5 केकरांग पिकेट एवं अन्य सशस्त्र बल शामिल थे।

*गिरफ्तार तीनों आरोपियों को भेजा गया न्यायिक हिरासत में*

पुलिस कप्तान सादिक अनवर रिजवी ने बताया कि हत्या कांड गिरफ्तार तीनों आरोपियों को पेशरार थाना कांड संख्या 07/25, धारा 103(1)/3(5) भा.न्या.सं. के तहत न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।

*अंधविश्वास उन्मूलन के लिए जन जागरूकता व सख्त कार्रवाई जरूरी*

प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसपी सादिक अनवर रिजवी ने कहा कि यह हत्या अंधविश्वास का परिणाम है। पुलिस ने बहुत कम समय में मेहनत कर तीनों हत्यारों को गिरफ्तार कर लिया है। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में आम जनों के बीच जागरूकता के साथ-साथ कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी ताकि समाज में अंधविश्वास और झाड़-फूंक जैसी कुरीतियों पर रोक लगाई जा सके।